पूर्व रेलवे का आसनसोल मंडल स्टेशन की सुविधाओं को बेहतर बनाकर और आधुनिक सुविधाएं देकर यात्रियों के आराम, सुविधा और संरक्षा को प्राथमिकता देना जारी रखे हुए है। यात्रियों को दिए गए इन आधुनिक सुविधाओं में बड़े स्टेशनों पर लगाए गए एस्केलेटर से यात्रियों को बहुत फायदा हुआ है – खासकर वरिष्ठ नागरिकों, दिव्यांग व्यक्तियों, महिलाओं और सामान ले जाने वाले व्यक्तियों को।
अभी आसनसोल मंडल में नौ एस्केलेटर चालू हैं, जो यात्रियों की आवाजाही को आसान बनाते हैं,खासकर पीक आवर्स और त्योहारों के मौसम में।ये सुविधाएं मंडल के सुरक्षित और यात्री-अनुकूल यात्रा माहौल बनाने के लगातार प्रयास का हिस्सा हैं।
हालांकि, ऐसे मामले देखे गए हैं जहाँ एस्केलेटर का इमरजेंसी स्टॉप बटन का बेवजह दबाया जा रहा है। ऐसे कामों से सामान्य कामकाज में रुकावट आती है और कई यात्रियों को परेशानी होती है।एक बार बटन एक्टिवेट होने के बाद एस्केलेटर तभी दोबारा चालू हो सकता है जब प्राधिकृत अनुरक्षण कर्मचारी उसे मैन्युअल रूप से रीसेट और री-एनर्जाइज़ करे जिसमें समय लगता है। परिणामस्वरूप, एस्केलेटर सेवा कुछ समय के लिए रुक जाती है।
बेवजह रुकने से अचानक झटके या रुकावट भी आ सकती है, जिससे उपयोगकर्ता के लिए सुरक्षा संबंधी जोखिम पैदा हो सकता है और ब्रेकिंग सिस्टम जैसे ज़रूरी हिस्सों में टूट-फूट हो सकती है।
रेलवे ने यात्रियों को याद दिलाया है कि इमरजेंसी स्टॉप बटन सिर्फ़ इमरजेंसी के लिए है, जैसे कि जब कोई गिर जाए, कोई चीज फंस जाए, या कोई तुरंत खतरा हो।
साड़ी, दुपट्टा, शॉल, धोती या लंबे कुर्ते जैसे ढीले कपड़े पहनने वाले यात्रियों को एस्केलेटर का इस्तेमाल करते समय ज्यादा सावधानी बरतने की सलाह दी जाती है ताकि कपड़े चलते हुए स्टेप्स में न फंसें।
आसनसोल मंडल ने सभी यात्रियों से अपील की है कि वे एस्केलेटर का ज़िम्मेदारी से इस्तेमाल करें, सुरक्षा सुविधाओं का गलत इस्तेमाल न करें और पास में दिखाए गए सुरक्षा निर्देशों का पालन करें। स्टेशन परिसर के अंदर सुचारू, सुरक्षित और कुशल आवाजाही सुनिश्चित करने के लिए यात्रियों का सहयोग जरूरी है।
